
बलिया में स्कूल संचालक कर रहे है बच्चों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़
जिले में धड़ल्ले से बिना मान्यता के संचालित हो रहे स्कूल
बीएसए का आदेश खंड शिक्षा अधिकारियों पर बेअसर
बलिया। जनपद में बिना मान्यता के अवैध रूप से स्कूलों का संचालन धड़ल्ले से किया जा रहा है। यही नहीं स्कूल संचालक बच्चों की सुरक्षा के साथ भी खिलवाड़ कर रहे हैं। ऐसा ही मामला सोहांव शिक्षा क्षेत्र से प्रकाश में आया है। एक स्कूल के बच्चे को खटारा वाहन से ले जाने का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। इस वीडियो में लक्ष्मणपुर से नरही के बीच एनएच-31 पर खटारा वाहन सरपट दौड़ रहा है। वाहन न तो स्कूली वाहन के रंग में है और न ही उसमें बच्चों की सुरक्षा का कोई इन्तजाम है।
बताया जा रहा है कि सोहांव शिक्षा क्षेत्र में दर्जनों स्कूल बिना मान्यता के संचालित होते है। यह सभी स्कूल इसी तरह के खटारा वाहनों का प्रयोग करते हैं।
उधर, बीएसए मनीष कुमार सिंह ने खंड शिक्षा अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिया है। आपको बता दे कि बीएसए ने सभी खण्ड शिक्षा अधिकारियों से कहा है कि आप भली-भांति जानते हैं कि शासन/विभाग एवं जिलाधिकारी बलिया तथा अन्य माध्यम से बार-बार इस आशय की शिकायत प्राप्त हो रही है कि जनपद में अवैध रूप से बिना मान्यता प्राप्त विद्यालयों का संचालन किया जा रहा है। ऐसे विद्यालयों के विरूद्ध कठोर अनुशासनात्मक कार्यवाही किया जाना अति आवश्यक है। इस सम्बन्ध में आपको भिन्न-भिन्न पत्रों एवं बैठकों तथा व्यक्तिगत रूप से भी यह निर्देशित किया गया है कि यदि आपके शिक्षा क्षेत्र में इस तरह के विद्यालय संचालित हैं तो उनके विरूद्ध तत्काल अनुशासनात्मक कार्यवाही कर अधोहस्ताक्षरी को अवगत करायें। लेकिन आप लोगों द्वारा उच्चाधिकारियों के आदेशों की अवहेलना की जा रही है।
बीएसए ने जिलाधिकारी बलिया के निर्देश के क्रम में खंड शिक्षा अधिकारियों से कहा है कि जनपद में अवैध रूप से बिना मान्यता प्राप्त किये संचालित विद्यालयों को तत्काल बंद कराएं। यही नहीं, प्रत्येक दशा में 27 अगस्त को सांय 5 बजे तक इस आशय का शपथ पत्र अधोहस्ताक्षरी को प्रस्तुत करें कि आपके शिक्षा क्षेत्र में कोई अवैध रूप से बिना मान्यता प्राप्त किये विद्यालय संचालित नहीं हैं। साथ ही यदि भविष्य में अधोहस्ताक्षरी द्वारा या किसी अन्य अधिकारी या समाचार पत्रों द्वारा आपके शिक्षा क्षेत्र में अवैध विद्यालय संचालन के सम्बन्ध में शिकायत प्राप्त होती है तो उसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी व्यक्तिगत रूप से आपकी होगी। इसके लिए आपके विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही के लिए उच्चाधिकारियों को अवगत करा दिया जायेगा।













