
बाल विवाह समाज के समग्र विकास में एक गंभीर बाधक: प्रो. संजीत
बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत पंचायतों में आयोजित किए गए जागरूकता कार्यक्रम
बलिया। जननायक चंद्रशेखर विश्वविद्यालय के समाज कार्य विभाग द्वारा बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के अंतर्गत गोद ली गई पंचायतों में सामुदायिक स्तर पर जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। यह अभियान विभागाध्यक्ष डॉ. पुष्पा मिश्रा के निर्देशन एवं सहायक आचार्य डॉ. रूबी के नेतृत्व में संचालित हो रहा है। यह अभियान जनवरी के प्रथम सप्ताह से फरवरी के अंतिम सप्ताह तक चलेगा। इसके तहत बसंतपुर, भरतपुरा, जीराबस्ती, ब्रह्मणी, देवकली सहित विभिन्न पंचायतों में जागरूकता गतिविधियाँ आयोजित की जा रही हैं। जागरूकता अभियान के दौरान समाज कार्य विभाग के छात्र-छात्राओं ने जनसमुदाय, विद्यालयों तथा किशोर- किशोरियों को बाल विवाह के दुष्परिणामों से अवगत कराया। साथ ही बालिकाओं की शिक्षा, स्वास्थ्य पर पड़ने वाले प्रभाव एवं बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 के तहत कानूनी प्रावधानों की विस्तृत जानकारी दी गई। पोस्टर, पंपलेट, समूह चर्चा एवं संवाद के माध्यम से लोगों को जागरूक किया जा रहा है।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. संजीत कुमार गुप्ता ने कहा कि बाल विवाह समाज के समग्र विकास में एक गंभीर बाधा है। इसे समाप्त करने के लिए शिक्षा, जागरूकता और सामुदायिक सहभागिता अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने समाज कार्य विभाग के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों में सामाजिक दायित्वबोध विकसित करते हैं और समाज में सकारात्मक परिवर्तन की दिशा को मजबूत बनाते हैं।