
बलिया में विद्युत विजिलेंस टीम बना वसूली गैंग
व्यवसायिक उपभोक्ता विद्युत विजिलेंस टीम रहते है निशाने पर
रात को गांवों में विद्युत विजिलेंस टीम करती है छपेमारी, रसड़ा में होता है रफा-दफा
बलिया। खबर यूपी के बलिया से है, जहां जिले में विद्युत चोरी पर विजिलेंस टीम लगाम नहीं लगा पा रहा है कारण की विद्युत विजिलेंस टीम वसूली गैंग बन कर रह गया है। जनपद की विजलेंस टीम आये दिन सोहांव क्षेत्र के व्यवसायिक कनेक्शन धारक के घर रात में आती है। जहां जेई द्वारा वीडियो बनाया जाता है और कहा जाता है कि रसड़ा आने पर सब रफा-दफा हो जाएगा। यह खेल क्षेत्र में लम्बे समय से चला आ रहा है। इस दौरान डील नहीं होने पर उपभोक्ता पर मुकदमा लाद दिया जाता है। इन दिनों इस खेल में फिर तेजी आई है। इतना ही नहीं विजिलेंस के जेई मोबाइल से बात करने से भी कतराते हैं। इसका खुलासा कई ग्रामीणों ने किया है।
आपको बता दें कि जिले में लाइन लॉस अभी भी 30 फीसदी अधिक है और राजस्व वसूली काफी कम है। इस समस्या का प्रमुख कारण बिजली की चोरी है। बताया जाता है कि शहर से लेकर ग्रामीण इलाके तक बिजली की चोरी किसी न किसी रूप में की जा रही है। लेकिन अधिकारियों की टीम केवल कनेक्शन वाले उपभोक्ताओं की ही जांच करके चली जाती है। उधर विद्युत चोरी पर लगाम लगाने के लिए विद्युत विजिलेंस टीम भी है। जिसका कार्यालय रसड़ा में है। इस कार्यालय में पूरे दिन सन्नाटा रहता है। लेकिन रात में यहां खूब डील होती है। बता दे कि पीड़ित रात में ही पहुंचते हैं और जेई द्वारा बताए गए लाखों जुर्माने को कुछ हजार से जेब गर्म कर रफा-दफा करके चले आते हैं। बतौर उदाहरण बीते दस दिनों में रसड़ा विद्युत विजलेंस की टीम सोहांव क्षेत्र में आठ बार आ चुकी है। टीम की ओर से छापेमारी कर संबंधित उपभोक्ता को रसड़ा बुलाया गया है और मामले को रफा-दफा करने के नाम पर मोटी रकम वसूली की गई है। इसमें नारायनपुर से लेकर नरही तक के कई उपभोक्ता हैं। इस बाबत जब विजिलेंस के जेई राजकुमार भगत के मोबाइल पर सम्पर्क किया गया तो वह हर बार फोन को काटते रहे।













