
बांसडीह SBI शाखा में चोरी का किया प्रयास
दीवार तोड़ उखाड़ा ग्रिल, आलमारी को तोड़ने का किया प्रयास
बैंक पहुंचने पर बैंककर्मियों को घटना की हुई जानकारी
बलिया। बांसडीह कोतवाली से महज 100 मीटर दूर स्थित भारतीय स्टेट बैंक की बांसडीह शाखा में मंगलवार की देर रात चोरों ने बैंक के पीछे पक्की दीवार को तोड़ते हुए खिड़की का ग्रिल उखाड़ दिया और एक कमरे की खिड़की पर लगी प्लाई तोड़ अंदर घुसने की कोशिश की। जिससे सामान अस्त-व्यस्त हो गया। घटना की जानकारी बुधवार की सुबह करीब दस बजे हुई, जब बैंककर्मी शाखा पर पहुंचे। निरीक्षण के दौरान पाया कि कैश लॉकर व अन्य कीमती सामान पूरी तरह सुरक्षित हैं। बैंक की एक अलमारी को भी चोरों ने तोड़ने का प्रयास किया था। खिड़की के बाहर बैंक की गली में एक स्टेनलेस स्टील का छोटा बक्सा खुला हुआ मिला। बैंक कर्मचारियों ने तत्काल इसकी सूचना शाखा प्रबंधक दिनेश मौर्य को दी, जिन्होंने प्रभारी निरीक्षक कोतवाली प्रवीण कुमार सिंह को अवगत कराया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। कुठ देर बाद अपर पुलिस अधीक्षक दक्षिणी दिनेश शुक्ला व पुलिस अधीक्षक ओमवीर सिंह भी बैंक पर पहुंच मौका मुआयना किया। इसके साथ ही फोरेंसिक टीम ने भी मौके से साक्ष्य संकलन किया और सीसीटीवी कैमरों की जांच की। एसपी ने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिया। बैंक के मुख्य सुरक्षा प्रबंधक उपेंद्र सोनकर ने बताया कि घटना को गंभीरता से लिया गया है और बैंक की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की जा रही है। आवश्यकता अनुसार अतिरिक्त सुरक्षा उपाय किए जाएंगे। इस बाबत अपर पुलिस अधीक्षक दिनेश कुमार शुक्ला ने बताया कि चोरों द्वारा दीवार तोड़कर और ग्रिल उखाड़कर चोरी का प्रयास किया गया, लेकिन किसी भी प्रकार की नकदी या सामान का नुकसान नहीं हुआ है। सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच की जा रही है और शीघ्र ही मामले का खुलासा किया जाएगा।

व्यस्त इलाके में चोरी की घटना से चर्चाओं का बाजार गर्म
बलिया। बांसडीह कस्बे के अत्यंत व्यस्त इलाके में इस तरह की घटना से लोगों में चर्चा है। एसबीआई शाखा के अगल-बगल भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) की शाखा भी स्थित है और दोनों स्थानों पर सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। यह सड़क ‘स्टेट बैंक रोड’ के नाम से जानी जाती है और हमेशा व्यस्त रहती है। सूत्रों के अनुसार, देर रात करीब एक बजे सीसीटीवी फुटेज में मुंह बांधे एक व्यक्ति के अंदर आते हुए दिखने की जानकारी मिली है। उल्लेखनीय है कि दो वर्ष पूर्व तक बैंक में 24 घंटे गार्ड की तैनाती रहती थी, लेकिन पोस्ट समाप्त होने के बाद गार्ड की ड्यूटी भी समाप्त कर दी गई थी।