
आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के शोषण के मामले में विभागीय मंत्री ने जांच कर कार्रवाई का दिया निर्देश
भाजपा कार्यकर्ता की शिकायत पर हरकत में आया विभाग, सोहांव ब्लॉक में आर्थिक व मानसिक उत्पीड़न का लगाया आरोप



बलिया। बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग में कथित भ्रष्टाचार और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के आर्थिक व मानसिक शोषण का मामला अब शासन तक पहुंच गया है। भाजपा कार्यकर्ता मनीष कुमार राय की शिकायत पर विभागीय मंत्री बेबी रानी मौर्य ने जिलाधिकारी को मामले की जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने और उसकी आख्या उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। मंत्री के इस निर्देश के बाद विभाग में हलचल तेज हो गई है।


भाजपा कार्यकर्ता मनीष कुमार राय ने सोशल मीडिया के माध्यम से जिलाधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी और विभागीय मंत्री का ध्यान जिले में बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग की कार्यप्रणाली की ओर आकृष्ट कराया है। शिकायत में जिला कार्यक्रम अधिकारी (डीपीओ), बाल विकास परियोजना अधिकारियों (सीडीपीओ) और उनके अधीनस्थ कर्मचारियों पर भ्रष्टाचार में संलिप्त होने के आरोप लगाए गए हैं।
शिकायतकर्ता का विशेष आरोप है कि सोहांव ब्लॉक में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को आर्थिक और मानसिक रूप से परेशान किया जा रहा है। उनका कहना है कि विभागीय स्तर पर कथित अनियमितताओं के कारण सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का उद्देश्य प्रभावित हो रहा है। साथ ही ऐसी शिकायतों से सरकार की छवि भी धूमिल हो रही है।


मनीष कुमार राय ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। शिकायत का संज्ञान लेते हुए मंत्री बेबी रानी मौर्य ने जिलाधिकारी को जांच और कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। अब सबकी निगाहें प्रशासनिक जांच पर टिकी हैं। हालांकि, शिकायत में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि होना अभी बाकी है।